562 में से 370 की रिपोर्ट नेगेटिव

हरिद्वार।

 जनपद में कोरोनावायरस पीड़ित 5 मरीजों की पॉजिटिव रिपोर्ट आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने कमर कस ली है राहत भरी खबर यह है कि जनपद में अवतार 562 लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे 375 लोगों की रिपोर्ट आ चुकी है जिसमें 370 लोगों की रिपोर्ट नेगेटिव आई है 5 मरीजों को पॉजिटिव रिपोर्ट आई है 187 सैंपल की रिपोर्ट आनी बाकी है जिन्हें मेला अस्पताल में बनाए गए आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अलग-अलग स्थानों पर 1886 लोगों की स्क्रीनिंग की है। संदिग्ध मरीजों को जनपद में बनाए गए आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ सरोज नैथानी ने बताया कि 16 शिकायत मिलने पर तत्काल पहुंचकर संदिग्ध मरीज की जांच कराई गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम आइसोलेशन में भर्ती मरीज पर पूरी निगरानी रख रही है। मेला अस्पताल में बनाए आइसोलेशन वार्ड में प्रोजेक्ट रिपोर्ट आने वाले 5 मरीजों को भर्ती किया गया है। इसके अलावा संदिग्ध मरीजों को जनपद में अलग-अलग स्थानों पर बनाए गए आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है। राजकीय संयुक्त चिकित्सालय रुड़की में बनाए गए आइसोलेशन वार्ड में 14 संदिग्ध मरीजों को रखा गया है। कॉलेज रुड़की में 55 व्यक्तियों को रखा गया है। राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज गुरुकुल में 68 व्यक्तियों को रखा गया है। ऋषिकुल कॉलेज चिकित्सालय में 111 को रखा गया है। आरोग्य मेडिकल कॉलेज रुड़की में 38 संदिग्धों को रखा गया है। सीएमओ ने बताया कि जिन गांवों में दो पॉजिटिव मरीज मिले थे। वहां एतिहाद बरती जा रही है। जिसमें बहादरपुर खादर विकासखंड लक्सर में पॉजिटिव केस के 47 लोगों की लिस्ट बनाई गई। जिन्हें आइसोलेशन में भर्ती कराया गया है। 135 परिवारों के 920 सदस्यों की स्क्रीनिंग की गई। मानक मजरा विकासखंड भगवानपुर में पॉजिटिव मिले मरीज के संपर्क में आए 38 लोगों को चिन्हित करने के बाद आइसोलेशन में भर्ती कराया गया है। 76 परिवारों के 500 लोगों की स्क्रीनिंग की गई है। जनपद में अलग-अलग स्थानों में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने 1886 लोगों की स्क्रीनिंग की है। जनपद में अब तक 562 संदिग्ध मरीजों के ब्लड सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। 375 मरीजों की रिपोर्ट मिल चुकी है। जिनमें 370 मरीजों की रिपोर्ट नेगेटिव आई है। 187 संदिग्ध मरीजों की रिपोर्ट मिलनी बाकी है। स्वास्थ्य विभाग के कंट्रोल रूम को 16 शिकायत मिली थी। शिकायत मिलने पर मौके पर पहुंचकर जांच की गई है। संदिग्ध मरीजों के ब्लड सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं और कोरोना वायरस की महामारी को रोकने के लिए अस्पतालों के अलावा सील किए गए क्षेत्र में लगातार सैनिटाइजर कराया जा रहा है।