पांच किमी लंबे सहभागिता अभियान में स्थानीय लोगों एवं ट्रैकरों ने बढ़-चढकर भाग लिया

देहरादून। उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद द्वारा रविवार को शहंशाही आश्रम राजपुर रोड से झड़ीपानी मसूरी तक के लगभग 5 किलोमीटर लम्बे ट्रैकिंग ट्रेल मार्ग का प्रबन्धन, अनुरक्षण, साफ-सफाई इत्यादि कार्य के लिए सहभागिता अभियान चलाया गया। जिसमें स्थानीय लोगों एवं ट्रैकरों ने बढ़-चढकर भाग लिया। शहंशाही आश्रम से झड़ीपानी के पैदल ट्रैकिंग ट्रेल के विकास व देखरेख के लिए यह अभियान चलाया जा रहा है। इस ट्रैकिंग ट्रेक मार्ग का विकास उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद व नगर पालिका परिषद मसूरी द्वारा संयुक्त रूप् से किया जाना प्रस्तावित है।
पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर इस दौरान बताया कि यूटीडीबी द्वारा शहंशाही आश्रम से झड़ीपानी मसूरी तक के पैदल ट्रैकिंग ट्रेल के लिए स्वच्छता अभियान चलाया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य स्थानीय व बाहर से आने वाले लोगों को स्वच्छता के बारे में जानकारी देना है। इस दौरान ट्रैक पर चलने वाले लोगों का पंजीकरण करते हुए उनके सुझाव लिये गये। उन्होंने कहा कि इस ट्रैक का इस्तेमाल करने वालों के लिए स्थानीय लोगों की एक कम्युनिटी गठित की जायेगी। जो इस ट्रैक को संरक्षित करते हुए प्रशासन को समय-समय पर अपने सुझाव देंगे। उन्होंने कहा कि यहां पर एक सार्वजनिक शौचालय और स्मारिका एवं ट्रैकिंग उपकरण की दुकान का विकास किया जायेगा। पर्यटन सचिव ने जिला पर्यटन अधिकारी देहरादून को निर्देशित करते हुए कहा कि जिले में इस तरह के अन्य ट्रेलों को चिन्हित किया जाये ताकि स्थानीय जनता व पर्यटक इन ट्रैकों पर पैदल व साइकिलिंग कर सकें। अनुज गुप्ता चेयरमैन नगरपालिका परिषद मसूरी ने बताया कि शहंशाही आश्रम से झड़ीपानी तक के ट्रैकिंग ट्रेल मार्ग पर लोगों के सुझाव के तहत रेलिंग व गेट बनाया जायेगा। इस ट्रैकिंग ट्रेक का विकास किया जायेगा ताकि देहरादून शहर से नजदीक इस ट्रैक का स्थानीय व बाहर से आने वाले पयर्टक ट्रैकिंग का आनंद ले सकें।
सिटीजन्स ग्रीन दून के सदस्य रेनू पाॅल, ईरा चैहान व मगाली रस्तोगी ने अपने सुझाव व्यक्त करते हुए कहा कि इस ट्रैक में वाहनों के आवागमन पर रोक लगनी चाहिए। यहां की प्रकृति के रखरखाव के लिए लगातार कार्य होने चाहिए। ट्रैकिंग करने आये पर्यटक विकास ने अपने सुझाव देते हुए कहा कि इस ट्रैकिंग ट्रैक में शाम के समय में पुलिस की भी तैनाती की जानी चाहिए। क्योंकि सुबह के समय तो यहां सभी सकड़ों की संख्या में स्थानीय व पर्यटक ट्रैकिंग करने आते हैं किन्तु शाम को असामाजिक तत्वों का आवगमन बढ़ जाता हैं और जो गंदगी करते हैं। उन्होंने यूटीडीबी द्वारा चलाये जा रहे अभियान की सराहना की। जिला पर्यटन अधिकारी देहरादून जसपाल चैहान ने बताया कि चलाये गये अभियान में 150 से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराया। पैदल ट्रैकिंग मार्ग करने वाले लोगों ने विभाग द्वारा चलाये जा रहे इस अभियान पर खुशी जाहिर की। इस अभियान के अवसर पर उपनिदेशक योगेन्द्र कुमार गंगवार, कर्नल विरेन्द्र मलिक, नगर पालिका मसूरी, वैस्ट वाॅरियस के सदस्य, सुलभ इंटरनेशनल ने प्रतिभाग किया।