कोरोना से बचाव हेतु राज्य सरकार उठाये प्रभावी कदम व बनाये ठोस नीतियाँ:- सचिन बेदी

हरिद्वार। आम आदमी पार्टी प्रवक्ता एवं मीडिया प्रभारी विधानसभा हरिद्वार सचिन बेदी एडवोकेट ने उत्तराखंड राज्य में बढ़ते कोरोना संक्रमण व ब्लैक फंगस की दस्तक पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि कोरोना संक्रमण दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है, और अब राज्य में ब्लैक फंगस की आशंका भी जतायी जा रही हैं, जो कि और अधिक संकट की ओर इशारा है l
परंतु राज्य सरकार द्वारा इससे निपटने के लिए कोई ठोस नीति अब तक नहीं बनाई गई है l प्रदेश में अब तक हजारों लोग इलाज के अभाव में मौत का शिकार हो चुके हैं, और राज्य सरकार अब भी मूक दर्शक बनी हुई है l प्रदेश के प्रत्येक जिले के अस्पतालों में हर तरफ अव्यवस्थाओं का बोलबाला है, कहीं पर भी किसी भी अस्पताल में समुचित उपचार की व्यवस्था ठीक प्रकार से नहीं की जा रही हैं, और जो कुछ व्यवस्थाएं की गयी है, वह नाकाफी है l और इस महामारी से निपटने के लिए न तो पर्याप्त है और न ही इसका सामना करने में सक्षम हैं l सरकार द्वारा न तो सम्पूर्ण सुविधाओं से युक्त कोविड अस्पताल बनाये गये हैं और न ही सरकारी अस्पतालों में उपचार की समुचित व्यवस्था की गयी है l कोरोना पीड़ित व्यक्ति उपचार के लिए दर-ब-दर भटक रहे, परंतु उन्हें उपचार नहीं मिल पा रहा हैं l इलाज के अभाव में कई लोगों की जीवन लीला समाप्त हो चुकी हैंl
माननीय उच्च न्यायालय द्वारा भी कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रदेश सरकार द्वारा उठाये गये कदमों व प्रयासों को नाकाफी बताते हुए तल्ख टिप्पणी व नाराजगी जाहिर कर राज्य सरकार को इस महामारी की रोकथाम व इससे निपटने के लिए प्रभावी एवं महत्वपूर्ण कदम उठाने हेतु निर्देशित भी किया गया हैं l ऐसे में जरूरी है कि राज्य सरकार कोरोना महामारी से निपटने के लिए प्रभावी कदम उठाए व ठोस नीतियां बनाए तथा लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ उनके उपचार की समुचित व्यवस्था तथा वैक्सीनैशन की प्रक्रिया का भी सरलीकरण किया जाये l
ताकि जनमानस के स्वास्थ्य को सुरक्षा प्रदान की जाकर किसी के भी जान माल को होने वाली हानि व असमय मौत का शिकार होने से बचाया जा सके l

आम आदमी पार्टी प्रवक्ता एवं मीडिया प्रभारी विधानसभा हरिद्वार सचिन बेदी एडवोकेट ने उत्तराखंड राज्य में बढ़ते कोरोना संक्रमण व ब्लैक फंगस की दस्तक पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि कोरोना संक्रमण दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है, और अब राज्य में ब्लैक फंगस की आशंका भी जतायी जा रही हैं, जो कि और अधिक संकट की ओर इशारा है l
परंतु राज्य सरकार द्वारा इससे निपटने के लिए कोई ठोस नीति अब तक नहीं बनाई गई है l प्रदेश में अब तक हजारों लोग इलाज के अभाव में मौत का शिकार हो चुके हैं, और राज्य सरकार अब भी मूक दर्शक बनी हुई है l प्रदेश के प्रत्येक जिले के अस्पतालों में हर तरफ अव्यवस्थाओं का बोलबाला है, कहीं पर भी किसी भी अस्पताल में समुचित उपचार की व्यवस्था ठीक प्रकार से नहीं की जा रही हैं, और जो कुछ व्यवस्थाएं की गयी है, वह नाकाफी है l और इस महामारी से निपटने के लिए न तो पर्याप्त है और न ही इसका सामना करने में सक्षम हैं l सरकार द्वारा न तो सम्पूर्ण सुविधाओं से युक्त कोविड अस्पताल बनाये गये हैं और न ही सरकारी अस्पतालों में उपचार की समुचित व्यवस्था की गयी है l कोरोना पीड़ित व्यक्ति उपचार के लिए दर-ब-दर भटक रहे, परंतु उन्हें उपचार नहीं मिल पा रहा हैं l इलाज के अभाव में कई लोगों की जीवन लीला समाप्त हो चुकी हैंl
माननीय उच्च न्यायालय द्वारा भी कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रदेश सरकार द्वारा उठाये गये कदमों व प्रयासों को नाकाफी बताते हुए तल्ख टिप्पणी व नाराजगी जाहिर कर राज्य सरकार को इस महामारी की रोकथाम व इससे निपटने के लिए प्रभावी एवं महत्वपूर्ण कदम उठाने हेतु निर्देशित भी किया गया हैं l ऐसे में जरूरी है कि राज्य सरकार कोरोना महामारी से निपटने के लिए प्रभावी कदम उठाए व ठोस नीतियां बनाए तथा लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ उनके उपचार की समुचित व्यवस्था तथा वैक्सीनैशन की प्रक्रिया का भी सरलीकरण किया जाये l
ताकि जनमानस के स्वास्थ्य को सुरक्षा प्रदान की जाकर किसी के भी जान माल को होने वाली हानि व असमय मौत का शिकार होने से बचाया जा सके l