Breakingउत्तराखंडउत्तराखंडसामाजिकहरिद्वार

आध्यात्मिकता से दूर होती है मानसिक अशांति और मोह-माया: मास्टरजी

हरिद्वार,  प्रसिद्ध आध्यात्मिक गुरु मास्टरजी ने प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि नियमित रूप से आध्यात्मिक वाणियों और प्रवचनों को सुनने से सांसारिक मोह-माया कम होती है तथा आत्मज्ञान और सच्चे आनंद की प्राप्ति होती है। उन्होंने कहा कि आज के समय में युवाओं में मानसिक तनाव, एंजायटी, डिप्रेशन, अनिद्रा, आत्महत्या के विचार और नशे की बढ़ती प्रवृत्ति गंभीर चिंता का विषय हैं।

उन्होंने कहा कि इन समस्याओं का स्थायी समाधान आध्यात्मिकता में निहित है। जब व्यक्ति जीवन के वास्तविक ज्ञान को समझकर अपने असली स्वरूप से जुड़ता है, तो उसे मानसिक शांति और आंतरिक परिवर्तन का अनुभव होता है।

मास्टरजी ने बताया कि वे पिछले 18 वर्षों से देशभर में अपने प्रवचनों के माध्यम से लोगों को जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने और तनावमुक्त जीवन जीने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। विशेष रूप से युवाओं और नौकरीपेशा लोगों को जीवन में संतुलन और खुशियों का महत्व समझाया जा रहा है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!